वाशिंगटन, 07 नवंबर (हि.स./रिया नोवोस्ती)। दुनिया के सबसे अमीर उद्योगपतियों में शामिल एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स अपने सैटेलाइट इंटरनेट नेटवर्क स्टारलिंक का बड़े पैमाने पर विस्तार करने की तैयारी कर रही है। कंपनी की योजना अगली पीढ़ी के हजारों सैटेलाइट अंतरिक्ष में स्थापित करने की है। इसका उद्देश्य तेजी से बढ़ते इंटरनेट ट्रैफिक की जरूरतों को पूरा करना और नेटवर्क की क्षमता में कई गुना वृद्धि करना है।
स्पेसएक्स के प्रमुख एलन मस्क ने निवेशक रॉन बैरन को दिए एक इंटरव्यू में इस योजना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि फिलहाल अंतरिक्ष में स्टारलिंक के करीब 11,000 सैटेलाइट मौजूद हैं, जिनमें अधिकांश दूसरी पीढ़ी यानी वी2 के हैं। कंपनी ने अब तीसरी पीढ़ी (वी3) के सैटेलाइट लॉन्च करना शुरू कर दिया है।
मस्क के मुताबिक, स्टारलिंक वी3 सैटेलाइट की क्षमता वी2 के मुकाबले 10 गुना से अधिक होगी। कंपनी इनकी संख्या भी मौजूदा सैटेलाइट की तुलना में करीब 10 गुना तक बढ़ाने की योजना बना रही है। उन्होंने दावा किया कि अगले दो से तीन वर्षों में स्टारलिंक की कुल बैंडविड्थ मौजूदा क्षमता से 100 गुना अधिक हो सकती है। इससे दुनिया भर में तेज और बेहतर इंटरनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
मस्क ने इंटरनेट ट्रैफिक में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की बढ़ती भूमिका पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि वर्तमान में एआई बॉट्स इंसानों की तुलना में अधिक इंटरनेट ट्रैफिक पैदा कर रहे हैं। आने वाले पांच वर्षों में यह अंतर हजारों गुना तक पहुंच सकता है।
मस्क ने स्टारलिंक वी4 सैटेलाइट विकसित करने की भी घोषणा की। उनके अनुसार, इसकी क्षमता वी 3 से 10 गुना अधिक होगी। इसमें खासतौर पर लंबी दूरी के लेजर कम्युनिकेशन लिंक को बेहतर बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि मौजूदा लेजर लिंक की क्षमता करीब 100 गीगाबिट प्रति सेकंड है, जबकि अगली पीढ़ी के लेजर लिंक की क्षमता 10 टेराबिट प्रति सेकंड तक पहुंच सकती है।
स्पेसएक्स की यह योजना सैटेलाइट इंटरनेट के क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकती है और भविष्य में बढ़ते एआई तथा डिजिटल कम्युनिकेशन की जरूरतों को पूरा करने में अहम भूमिका निभा सकती है।